इस Sharab Shayari में दर्द भरी शायरी और Ishq से Dhoka खाया हुआ शायरी और इस शायरी में दिल टूटे हुए और अधूरे Mohabbat जैसी शायरियां आपको शराबी शायरी में मिलेंगे
यह शराबी एक शराबी नहीं है असल में एक दिल की बात तो कहने का एक असल तरीका है जो शराबी कहता हैकहीं सच्चे प्यार का धोखा, कहीं प्यार का नशा, और कहीं ज़िंदगी की सच्चाई जो इंसान को चुप रहना सिखा देती है।
यह शायरी उन लोगों के लिए है जो Sad Shayari, Sharabi Shayari और Heart Touching Quotes जो इन जरिए गुजर रहे हैं Instagram captions, WhatsApp status तो आसानी से आप इस Quotes को शेयर कर सकते हैं
हर शेर एक कहानी कहता है कभी यादों की, कभी जख्मों की, और कभी उस मोहब्बत की जो नशे में भी साफ दिखाई देती है। यह सिर्फ पढ़ने की नहीं, महसूस करने की शायरी है।
बहुत शराब चढ़ाता हूँ रोज़, तब जाकर तुम कहीं उतरती हो,
daily drink करता हूँ खुद को, तभी तो यादें थोड़ी संभलती हैं।

रोक दो मेरे जनाज़े को जालिमों, मुझमें जान आ गई है,
पीछे मुड़कर देखो कमीनो, liquor shop आ गई है…
पीके रात को हम उनको भूलने लगे,
शराब में ग़म mix करने लगे,
दारू भी बेवफा निकली यारों,
नशे में तो वो और भी याद आने लगे…
चारों तरफ तन्हाई का साया है,
ज़िन्दगी में प्यार किसने पाया है,
हम यादों में झूमते हैं उनकी,
और लोग कहते हैं—आज फिर पीकर आया है।

जाम पे जाम पीने से क्या फायदा,
शाम की पी सुबह उतर जाएगी,
दो बूंद अगर तेरे प्यार की मिल जाए,
life पूरी नशे में ही गुजर जाएगी।
दूसरों के लिए शराब खराब सही,
हमारे लिए तो यही ज़िन्दगी बन जाती है,
सौ ग़म निचोड़ने के बाद ही,
एक कतरा sharab बन जाती है।
शराबी बनकर थोड़ी खुशी ढूंढ लेता हूँ,
हर जाम में अपना दर्द भर लेता हूँ,
एक बेवफा का नशा हर पल रहता है,
इस दारू से बस होश संभाल लेता हूँ।
ना कभी पीते थे, ना पिलाते थे,
हम तो बस उनकी नज़रों से नज़र मिलाते थे,
पता नहीं कब आँखें मिल गईं उनसे,
जो सिर्फ निगाहों से ही पिला जाते थे।

सब कहते हैं इतना पीएगा तो मर जाएगा,
उन्हें क्या पता अगर पीते नहीं,
तो कब के मर जाते।
बर्फ का वो शरीफ टुकड़ा जाम में क्या गिरा,
बदनाम हो गया,
गवाही देने से पहले ही,
खुद शराब हो गया।
शराब body को खत्म करती है,
शराब society को भी,
चलो आज तय करते हैं,
एक bottle तुम खत्म करो, एक bottle हम।
मंज़िल उन्हीं को मिलती है जिनमें जान होती है,
बंद भट्टी में भी दारू उन्हीं को मिलती है,
जिनकी पहचान होती है।
मयखाने से बड़ी कोई ज़मीन नहीं,
जहाँ सिर्फ कदम लड़खड़ाते हैं,
ज़मीर नहीं।
दर्द की इस महफिल में एक शेर मेरा भी,
ना दवा की उम्मीद, ना दुआ का सहारा,
लोग कई चेहरे लेकर जीते हैं यहाँ,
मैं तो एक चेहरे के लिए आँसू पीता हूँ।

यादों से सलाम लेता हूँ,
वक्त का हाथ थाम लेता हूँ,
ज़िन्दगी पल भर को रुक जाती है,
जब हाथ में wine glass लेता हूँ।
दुख ऐसा मिला कि घबराकर पी गए,
खुशी थोड़ी मिली तो उसे भी मिला कर पी गए,
आदत नहीं थी पीने की हमें,
मगर अकेलेपन ने मजबूर कर दिया।
इतनी पीता हूँ कि mad हो जाता हूँ,
सब समझता हूँ, फिर भी quiet रहता हूँ,
जो गिराने की कोशिश करते हैं मुझे,
अक्सर उन्हीं के साथ बैठा रहता हूँ।
तेरी आँखों के ये जो प्याले हैं,
मेरी अंधेरी रातों के उजाले हैं,
जाम पे जाम तेरे नाम का,
हम शराबी… बिना शराब वाले हैं।
थोड़ी सी पी, थोड़ी उछाल दी,
कुछ इस तरह से हमने youth निकाल दी।

कोशिश करने वालों की हार नहीं होती,
पैदल ही निकल लेते हैं ठेके की ओर,
जिनके पास car नहीं होती।
आज अंगूर की बेटी से मोहब्बत कर ली,
नसीहतों से खुली बगावत कर ली,
अच्छा हुआ अंगूर को बेटा न हुआ,
वरना दुनिया और सिर पर चढ़ जाती।
तेरा देखने का अंदाज़ ही काफ़ी है,
लोग यूँ ही समझते हैं कि हम पीते बहुत हैं।
तेरे इश्क़ में perfume और sharab की मिलावट है,
कभी हम महक जाते हैं,
कभी बहक जाते हैं।
लोग कहते हैं बिगड़ा हुआ नवाब है,
बदनामी ऐसी हुई है,
पानी भी पियें तो लोग कहते हैं—शराब है।
हमने कहा नशा sharab का लाजवाब है,
उसने अपने होंठों से सारे वहम तोड़ दिए।
उम्मीद नहीं फिर भी जी रहा हूँ,
बोतल खाली है फिर भी पी रहा हूँ,
पता नहीं वो मिलेंगे या नहीं,
confession के लिए जी रहा हूँ।
नशा मोहब्बत का हो या शराब का,
होश दोनों में खो जाता है,
फर्क बस इतना है,
sharab सुला देती है, मोहब्बत रुला देती है।
मत कर हंगामा पीकर मेरी गली में,
हम पहले ही बदनाम हैं,
तेरी मोहब्बत के नशे में।
इल्ज़ाम sharab पर लगाते हैं लोग,
कसूर उनका होता है,
जिनका चेहरा हर जाम में दिख जाता है।
हाथ में पैमाना है, ये तो दिखा,
ये नहीं देखा कि ग़म-ए-इश्क़ को कैसे समझाऊँ।
हर नशे का नाम sharab नहीं होता,
कुछ नशे लोग आँखों से भी दे देते हैं।
रात गुम है, चैन खामोश नहीं,
हाथ में जाम है,
पर पीने का होश नहीं।
आज लबों पे उनका नाम आ गया,
प्यासे के हाथ जैसे जाम आ गया,
लड़खड़ाए कदम तो उनकी बाहों में गिरा,
आज पीना भी किसी काम आ गया।
तुम होश में रहकर मुझे नहीं पहचानती,
और मैं नशे में भी तेरा नाम लेता हूँ।
बचपन में चाय lover थे,
ज़िन्दगी जीते-जी sharab पर आ गए।
आज sharab ने भी कमाल कर दिया,
दो दुश्मनों को गले लगवा कर,
दोस्त बना दिया।
हम पीते हैं sharab, इसमें कोई खराबी नहीं,
ये तेरे प्यार का असर है,
वरना हम शराबी नहीं।







